बिहार MLC चुनाव में ₹500 के नोटों की तस्वीर वायरल, जन सुराज पर BJP का आरोप; पार्टी ने बताया फर्जी प्रचार
तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जन सुराज की प्रचार सामग्री के साथ ₹500 के नोटों की तस्वीर वायरल हुई है। BJP ने चुनाव आयोग से जांच की मांग की, जबकि जन सुराज ने आरोपों को खारिज किया।
बिहार विधान परिषद चुनाव से पहले जन सुराज की प्रचार सामग्री और ₹500 के नोटों की वायरल तस्वीर पर सियासी विवाद खड़ा हो गया है। BJP ने जांच की मांग की है, वहीं जन सुराज ने इसे फर्जी प्रचार बताया है।
प्रत्यक्षदर्शी समाचार | बिहार डेस्क | 17 अक्टूबर 2026
बिहार MLC चुनाव से पहले ₹500 के नोटों और जन सुराज की प्रचार सामग्री से जुड़ी वायरल तस्वीर को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है।
बिहार MLC चुनाव से पहले वायरल तस्वीर पर विवाद
बिहार विधान परिषद की आठ शिक्षक और स्नातक सीटों पर होने वाले चुनाव से पहले एक वायरल तस्वीर ने नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। तस्वीर में कथित तौर पर ₹500 के नोटों के बंडल के साथ जन सुराज से जुड़ी प्रचार सामग्री दिखाई दे रही है।
BJP ने इस तस्वीर को लेकर सवाल उठाते हुए चुनाव आयोग से जांच की मांग की है। दूसरी ओर जन सुराज ने आरोपों को खारिज करते हुए इसे पार्टी को बदनाम करने के लिए फैलाया गया फर्जी प्रचार बताया है। फिलहाल वायरल तस्वीर की स्वतंत्र रूप से प्रमाणित पुष्टि सामने नहीं आई है।
खबर में खास
बि
हार विधान परिषद की 8 सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान
₹500 के नोटों के साथ प्रचार सामग्री की तस्वीर वायरल
मामला तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जुड़ा
BJP ने चुनाव आयोग से जांच की मांग की
जन सुराज ने आरोपों को बताया फर्जी प्रचार
वायरल तस्वीर की स्वतंत्र प्रामाणिकता की पुष्टि अभी नहीं
वायरल तस्वीर में क्या दिखाई दे रहा है?
सोशल मीडिया पर प्रसारित तस्वीर में ₹500 के नोटों के कई बंडल दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। इनके साथ तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जन सुराज समर्थित उम्मीदवार श्याम नंदन यादव से जुड़ी प्रचार सामग्री भी नजर आने की बात कही गई है।
श्याम नंदन यादव को जन सुराज ने तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया है। पार्टी ने पहले इस सीट से भूषण झा को उम्मीदवार घोषित किया था, लेकिन बाद में उम्मीदवार बदल दिया गया।
हालांकि सिर्फ वायरल तस्वीर के आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि नकदी किसी मतदाता को बांटी गई थी या उसका चुनाव से प्रत्यक्ष संबंध था। तस्वीर की उत्पत्ति, समय और संदर्भ की आधिकारिक जांच से ही स्थिति स्पष्ट हो सकती है।
BJP ने क्या आरोप लगाया?
BJP के बिहार प्रदेश मीडिया प्रभारी दानिश इकबाल ने तस्वीर को लेकर चुनाव आयोग से जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यह पता लगाया जाना चाहिए कि वायरल तस्वीर असली है या नहीं, नकदी का स्रोत क्या था और तस्वीर में दिखाई जा रही सामग्री का चुनावी गतिविधियों से कोई संबंध था या नहीं। ABP News
पार्टी की ओर से यह भी आरोप लगाया गया कि यदि मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए नकदी का इस्तेमाल हुआ है तो यह गंभीर मामला होगा। हालांकि इस आरोप की अभी किसी आधिकारिक जांच में पुष्टि सामने नहीं आई है।
जन सुराज ने क्या जवाब दिया?
जन सुराज ने आरोपों को खारिज किया है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार सौरभ ने वायरल तस्वीर को पार्टी के खिलाफ चलाया जा रहा फर्जी प्रचार बताया।
उनका कहना है कि चुनावी माहौल में जन सुराज को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। पार्टी ने अपने चुनाव अभियान में शिक्षकों के वेतन और स्नातकों के रोजगार जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाने की बात कही है।
इस तरह फिलहाल दोनों पक्षों के दावे आमने-सामने हैं और वायरल तस्वीर की प्रमाणिकता पर कोई स्वतंत्र आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
23 अक्टूबर को होगा मतदान
बिहार विधान परिषद की आठ शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों के लिए मतदान 23 अक्टूबर 2026 को निर्धारित है। इनमें चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। बिहार के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के उपलब्ध रिकॉर्ड में भी आठ सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान का कार्यक्रम दर्ज है। CEO Bihar
चुनाव प्रचार के अंतिम दौर में ऐसे आरोपों से राजनीतिक माहौल और गर्म हो गया है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि चुनाव आयोग वायरल तस्वीर और BJP की मांग पर कोई औपचारिक कार्रवाई या जांच शुरू करता है या नहीं।