Maharashtra MLC Election: स्पाई कैमरे वाले पेन से वोट रिकॉर्ड कर पैसे बांटने का आरोप! सुप्रिया सुले ने BJP को घेरा, फडणवीस का जवाब

महाराष्ट्र MLC चुनाव में सुप्रिया सुले ने स्पाई कैमरा पेन से मतदान रिकॉर्ड कर पैसे देने के आरोप लगाए। मुख्यमंत्री फडणवीस ने सबूत सामने आने पर जांच की बात कही है।

Maharashtra MLC Election 2026: पुणे में मतदान के दौरान स्पाई कैमरा पेन से वोट रिकॉर्ड कर पैसे देने का आरोप सामने आया है। सुप्रिया सुले ने जांच मांगी, फडणवीस ने जवाब दिया।

प्रत्यक्षदर्शी समाचार | पुणे/मुंबई | 23 अक्टूबर 2026
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शिक्षक और स्नातक MLC चुनाव में स्पाई कैमरा पेन से वोट रिकॉर्ड करके रुपये देने के कथित मामले पर सुप्रिया सुले ने जांच की मांग की।
महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव के मतदान के दिन एक नया राजनीतिक विवाद सामने आया है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) की सांसद सुप्रिया सुले ने आरोप लगाया है कि पुणे के शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाताओं को ऐसे पेन दिए जा रहे हैं, जिनमें छिपे हुए कैमरे लगे हैं। उनका दावा है कि इन पेन की मदद से मतदान की रिकॉर्डिंग कराई जा रही है और उसके आधार पर मतदाताओं को रुपये देने की शिकायतें मिली हैं।
सुप्रिया सुले ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इन आरोपों को सार्वजनिक करते हुए चुनाव आयोग और महाराष्ट्र सरकार से जांच की मांग की। वहीं मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि उन्होंने इस तरह का स्पाई कैमरा पेन नहीं देखा है और उपकरण सामने आने पर जांच कराई जा सकती है।
हालांकि, अभी इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और किसी मतदाता को इस तरीके से पैसे दिए जाने का प्रमाण सार्वजनिक रूप से स्थापित नहीं हुआ है।
खबर में खास
  • 23 अक्टूबर को महाराष्ट्र की पांच MLC सीटों के लिए मतदान हुआ।
  • सुप्रिया सुले ने BJP पर स्पाई कैमरा पेन के इस्तेमाल का आरोप लगाया।

  • आरोप है कि मतदान रिकॉर्ड करके दिखाने के बदले पैसे देने की शिकायतें मिलीं।

  • मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने उपकरण दिखाने पर जांच की बात कही।

  • भाजपा प्रवक्ता नवनाथ बन ने आरोपों का आधार और सबूत मांगा।

  • 27 अक्टूबर को पांचों सीटों की मतगणना निर्धारित है।

आखिर स्पाई कैमरा पेन से वोटिंग कराने का आरोप क्या है?

सुप्रिया सुले ने शुक्रवार को दावा किया कि पुणे शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में कुछ मतदाताओं को कैमरे लगे पेन दिए जाने की शिकायतें सामने आई हैं।
उनके अनुसार, आरोप यह है कि मतदाता को पेन अपनी जेब में लगाकर मतदान करना होता है। इसके बाद मतदान के दौरान पसंदीदा उम्मीदवार को वोट देने की कथित रिकॉर्डिंग दिखाने पर उसे तय रकम दी जाती है।
सुले ने आरोप सीधे भाजपा से जुड़े लोगों पर लगाए हैं। उनका कहना है कि अगर ऐसी गतिविधि वास्तव में हो रही है, तो इससे मतदान की गोपनीयता और मतदाताओं की स्वतंत्रता प्रभावित हो सकती है।
उन्होंने चुनाव आयोग से मामले का संज्ञान लेकर विस्तृत जांच करने की मांग की है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने क्या कहा?
सुप्रिया सुले के आरोप सामने आने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से नागपुर में इस संबंध में सवाल पूछा गया।
फडणवीस ने कहा कि वह स्पाई कैमरा पेन नाम के उपकरण से परिचित नहीं हैं और उन्होंने ऐसा उपकरण नहीं देखा है।
उन्होंने कहा कि यदि इस तरह का कोई उपकरण है, तो उसे उनके पास भेजा जाए। उसके सामने आने पर जांच की जा सकती है।
मुख्यमंत्री की यह प्रतिक्रिया आरोपों पर तत्काल टिप्पणी करने के बजाय संबंधित उपकरण और जानकारी देखने पर केंद्रित रही।
BJP ने सुप्रिया सुले से मांगा सबूत
भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता नवनाथ बन ने भी सुप्रिया सुले के आरोपों पर प्रतिक्रिया दी है।
उन्होंने कहा कि यदि स्पाई कैमरा होने का प्रमाण है, तो उसे जांच एजेंसियों या मीडिया के सामने पेश किया जाना चाहिए।
भाजपा प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि मतदान के दौरान इस तरह की बातें फैलाकर मतदाताओं को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने सुले से कम से कम एक ऐसा कैमरा सामने लाने की चुनौती दी।
इस तरह सुप्रिया सुले जहां चुनावी गड़बड़ी की आशंका पर जांच मांग रही हैं, वहीं भाजपा आरोपों का प्रमाण मांग रही है।
मतदान की गोपनीयता पर क्यों उठ रहे सवाल?
भारत में मतदान की गोपनीयता चुनाव प्रक्रिया का महत्वपूर्ण सिद्धांत है।
शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाता बैलेट पेपर पर अपनी वरीयता दर्ज करते हैं। ऐसे चुनावों में मतपत्र पर किस उम्मीदवार को प्राथमिकता दी गई, इसकी गोपनीयता बनाए रखना जरूरी है।
यदि मतदान की रिकॉर्डिंग कर किसी व्यक्ति को रुपये देने का दबाव बनाया जाए, तो यह स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान से जुड़ा गंभीर मामला हो सकता है।
हालांकि, सुप्रिया सुले के आरोपों में बताए गए उपकरण का वास्तव में इस्तेमाल हुआ या नहीं, कितने मतदाता प्रभावित हुए और क्या रुपये दिए गए—इन बातों की जांच से पुष्टि होना बाकी है।

महाराष्ट्र में किन पांच सीटों पर हुआ मतदान?

महाराष्ट्र विधान परिषद की पांच सीटों के लिए शुक्रवार, 23 अक्टूबर को सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक मतदान निर्धारित था।
इनमें पुणे, नागपुर और छत्रपति संभाजीनगर के स्नातक निर्वाचन क्षेत्र तथा पुणे और अमरावती के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं।
इन चुनावों में सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन और विपक्षी महाविकास आघाड़ी के उम्मीदवारों के अलावा कई निर्दलीय प्रत्याशी भी मैदान में हैं।
पुणे शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के कौस्तुभ गावडे चुनाव लड़ रहे हैं, जबकि कांग्रेस के जयंत आसगांवकर और अन्य प्रत्याशी भी मुकाबले में हैं।
अब चुनाव आयोग के सामने क्या सवाल हैं?
सुप्रिया सुले के आरोपों के बाद प्रमुख सवाल यह है कि क्या किसी मतदान केंद्र पर ऐसा उपकरण बरामद हुआ है और क्या कथित पैसे बांटने की शिकायत के समर्थन में प्रमाण उपलब्ध हैं।
यदि कोई शिकायत औपचारिक रूप से दर्ज हुई है, तो उसका परीक्षण और संबंधित लोगों की भूमिका की जांच आवश्यक होगी।
फिलहाल यह मामला आरोप, राजनीतिक प्रतिक्रिया और जांच की मांग के स्तर पर है। किसी दल, उम्मीदवार या मतदाता के दोषी होने का निष्कर्ष निकालना अभी उचित नहीं होगा।
अब चुनाव आयोग की प्रतिक्रिया और संभावित जांच के निष्कर्षों से ही पता चल सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है।
 

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