कानपुर में BJP नेता रमेश यादव को बंधक बनाकर लूट, 30 CCTV और गार्ड के बावजूद घुसे नकाबपोश

कानपुर के न्योरी गांव में भाजपा नेता रमेश सिंह यादव को दो नकाबपोश बदमाशों ने फार्म हाउस में बंधक बनाकर लूट लिया। परिसर में 30 से अधिक CCTV कैमरे और गार्ड थे। लूटी गई रकम को लेकर रिपोर्टों में अंतर है।

Kanpur Robbery: भाजपा नेता रमेश यादव के हाथ-पैर बांधकर बदमाश नकदी और जेवर ले गए। 30 CCTV और गार्ड के बावजूद कैसे हुई वारदात? जानिए पुलिस जाँच।

प्रत्यक्षदर्शी समाचार | कानपुर | 14 अक्टूबर 2026
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कानपुर में भाजपा नेता रमेश सिंह यादव को उनके फार्म हाउस में बंधक बनाकर लूटा गया, पुलिस मामले की जाँच कर रही है।

खबर में खास

  • कानपुर में BJP नेता रमेश सिंह यादव को बंधक बनाकर लूटपाट।
  • दो नकाबपोश बदमाशों ने हाथ-पैर बांधकर बाथरूम में बंद किया।
  • फार्म हाउस पर 30 से अधिक CCTV कैमरे और सुरक्षा गार्ड मौजूद थे।
  • लूट की रकम पर अलग-अलग रिपोर्ट, पुलिस की आठ टीमें जाँच में जुटीं।
उत्तर प्रदेश के कानपुर में भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के प्रदेश मंत्री और पूर्व ब्लॉक प्रमुख रमेश सिंह यादव के साथ लूट की वारदात सामने आई है। सोमवार, 12 अक्टूबर की रात दो नकाबपोश बदमाश सेन पश्चिम पारा थाना क्षेत्र के न्योरी गांव स्थित उनके फार्म हाउस में घुस गए।
बदमाशों ने हथियार दिखाकर रमेश यादव को बंधक बनाया, उनके हाथ-पैर बांधे और बाथरूम में बंद कर दिया। इसके बाद नकदी और जेवर लेकर फरार हो गए। हैरानी की बात यह है कि परिसर में 30 से अधिक सीसीटीवी कैमरे और सुरक्षा गार्ड होने के बावजूद वारदात को अंजाम दिया गया।

लखनऊ से लौटे थे रमेश यादव, रात में क्या हुआ?

रमेश सिंह यादव हाल ही में भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के प्रदेश मंत्री बनाए गए थे। वह पार्टी की नई जिम्मेदारी संभालने के सिलसिले में लखनऊ गए थे।
सोमवार रात कानपुर लौटने के बाद वह अपने फार्म हाउस में ठहरे हुए थे। इसी दौरान दो नकाबपोश बदमाश अंदर पहुंचे।
रमेश यादव के मुताबिक, आरोपियों ने तमंचे के बल पर उन्हें काबू किया। बदमाशों ने उनका मुंह बंद किया और हाथ-पैर बांधकर बाथरूम में डाल दिया।
बाद में रमेश यादव किसी तरह बंधन से मुक्त हुए और अपने सुरक्षा कर्मियों को सूचना दी। इसके बाद पुलिस को घटना की जानकारी मिली।

30 CCTV और गार्ड के बावजूद कैसे हुई लूट?

मुख्य गेट पर सुरक्षा गार्ड भी तैनात रहते हैं। इसके बावजूद बदमाश फार्म हाउस के अंदर पहुंच गए।
सीसीटीवी फुटेज में दो संदिग्ध पीछे की दीवार फांदकर भागते दिखाई दिए हैं। हालांकि, उनके फार्म हाउस में प्रवेश करने का रास्ता अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया है।
पुलिस इस बात की भी जाँच कर रही है कि बदमाशों को परिसर की सुरक्षा व्यवस्था और नकदी रखे होने की जानकारी पहले से थी या नहीं।

पुलिस ने जाँच के लिए कितनी टीमें लगाईं?

वारदात की जानकारी मिलने पर वरिष्ठ पुलिस अधिकारी फार्म हाउस पहुंचे। पुलिस आयुक्त रघुवीर लाल, अपर पुलिस आयुक्त विपिन ताडा और डीसीपी दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी ने मामले की जाँच से जुड़े कदम उठाए।
पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए आठ टीमें गठित की हैं। दो संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में लेने की भी जानकारी सामने आई है।
फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड ने घटनास्थल की जाँच की। आसपास के सीसीटीवी कैमरों, कर्मचारियों और संभावित भागने के रास्तों की पड़ताल की जा रही है।
फिलहाल दोनों नकाबपोश आरोपियों की गिरफ्तारी की पुष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है।

कौन हैं भाजपा नेता रमेश सिंह यादव?

रमेश सिंह यादव कानपुर की स्थानीय राजनीति में सक्रिय रहे हैं। वह बिधनू क्षेत्र से तीन बार ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं।
वर्ष 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में उन्होंने बिठूर सीट से बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा था, लेकिन उन्हें जीत नहीं मिली थी।
बाद में वह भाजपा से जुड़े और हाल ही में पिछड़ा वर्ग मोर्चा में प्रदेश स्तर की जिम्मेदारी मिली।
कानपुर में हुई इस वारदात ने फार्म हाउस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब पुलिस के सामने आरोपियों की पहचान, लूट की सही रकम और वारदात में किसी परिचित की संभावित भूमिका की जाँच महत्वपूर्ण है।

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