सऊदी अरब पर हूती हमले से भड़के शहबाज शरीफ, बोले—हर खतरे में साथ खड़ा रहेगा पाकिस्तान
रियाद और आभा एयरपोर्ट पर हूती हमलों के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सऊदी अरब का समर्थन किया। उन्होंने मक्का रक्षा समझौते का हवाला देते हुए हमले रोकने की मांग की।
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सऊदी अरब के दो हवाई अड्डों पर हूती हमलों के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि मक्का रक्षा समझौते के तहत पाकिस्तान सऊदी अरब की सुरक्षा और संप्रभुता के लिए उसके साथ खड़ा रहेगा।
रियाद और आभा एयरपोर्ट पर हमलों के बाद पाकिस्तान का बड़ा बयान, शहबाज शरीफ ने हूतियों को हमले रोकने की चेतावनी दी
प्रत्यक्षदर्शी समाचार | अंतरराष्ट्रीय डेस्क | 9 अक्टूबर 2026
सऊदी अरब के दो प्रमुख हवाई अड्डों पर हूती विद्रोहियों के हमलों के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सऊदी अरब की सुरक्षा, संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति पाकिस्तान का समर्थन दोहराया है।
शहबाज शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान मक्का संयुक्त रक्षा समझौते के तहत सऊदी अरब के साथ खड़ा है। उन्होंने हूती विद्रोहियों से हमले तत्काल बंद करने की मांग की और सऊदी अरब को अपनी जनता तथा महत्वपूर्ण ठिकानों की सुरक्षा करने के अधिकार का समर्थन किया।
यह बयान ऐसे समय आया है, जब यमन के हूती विद्रोहियों के हमलों और सऊदी अरब की जवाबी सैन्य कार्रवाई से पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ गया है।
खबर में खास
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हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के रियाद और आभा एयरपोर्ट को निशाना बनाया।
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6 और 7 अक्टूबर के हमलों में तीन लोगों की मौत और 36 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई।
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पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने हमलों की कड़ी निंदा की।
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शहबाज ने मक्का संयुक्त रक्षा समझौते के तहत सऊदी अरब का समर्थन दोहराया।
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पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये अगस्त 2026 में साझा रक्षा समझौता कर चुके हैं।
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सऊदी गठबंधन ने हूतियों की कई बैलिस्टिक मिसाइलें रोकने की जानकारी दी।
शहबाज शरीफ ने हूती हमलों पर क्या कहा?
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने शुक्रवार, 9 अक्टूबर को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बयान जारी किया।
उन्होंने सऊदी अरब के रियाद स्थित किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और आभा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हमलों की निंदा की।
शहबाज ने कहा कि इन हमलों में आम लोगों की जान गई है और कई लोग घायल हुए हैं। उन्होंने सऊदी अरब की सेना और गठबंधन बलों की तारीफ भी की, जिन्होंने कई मिसाइलों को रोकने और लोगों की सुरक्षा करने में भूमिका निभाई।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान सऊदी अरब के नेतृत्व और वहां की जनता के साथ मजबूती से खड़ा है।
सऊदी अरब के दो एयरपोर्ट पर क्या हुआ?
सऊदी अरब के रियाद और आभा एयरपोर्ट पर 6 और 7 अक्टूबर को अलग-अलग हमले हुए थे।
उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, इन हमलों में कुल तीन लोगों की मौत हुई और 36 लोग घायल हुए।
यमन के हूती विद्रोहियों ने हमलों की जिम्मेदारी लेने का दावा किया। रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को निशाना बनाए जाने के बाद हवाई सेवाएं भी प्रभावित हुईं।
सऊदी गठबंधन ने कहा कि उसने रियाद और अन्य इलाकों की ओर भेजी गई कई बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही रोक दिया।
हालांकि, सभी मिसाइलों के प्रभाव और नुकसान को लेकर अलग-अलग पक्षों के दावों में अंतर है।
मक्का रक्षा समझौते का क्यों किया जिक्र?
शहबाज शरीफ ने अपने बयान में मक्का संयुक्त रक्षा समझौते का विशेष रूप से उल्लेख किया।
यह समझौता अगस्त 2026 में पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये के बीच हुआ था। इसका उद्देश्य तीनों देशों के बीच रक्षा सहयोग बढ़ाना और बाहरी हमलों की स्थिति में साझा सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करना है।
समझौते के अनुसार, किसी एक सदस्य देश पर हमला तीनों देशों की साझा सुरक्षा से जुड़ा मामला माना जाएगा।
शहबाज शरीफ ने कहा कि इस समझौते और हाल में लिए गए रक्षा संबंधी फैसलों के अनुसार पाकिस्तान सऊदी अरब की संप्रभुता और सुरक्षा को लेकर अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखेगा।
क्या पाकिस्तान हूतियों के खिलाफ युद्ध में उतरेगा?
सऊदी अरब के समर्थन में पाकिस्तान के बयान और तीन देशों के रक्षा समझौते के कारण उसकी सैन्य भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं।
पाकिस्तान और तुर्किये ने समझौते के तहत सऊदी अरब को रक्षा सहयोग देने की तैयारी की है। पाकिस्तान की सेना की मौजूदगी और सैन्य संसाधनों की तैनाती को लेकर भी जानकारी सामने आई है।
हालांकि, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के ताजा बयान में हूतियों के खिलाफ किसी नए हमले या युद्ध की घोषणा नहीं की गई है।
रक्षा सहयोग, सैनिकों की तैनाती और युद्ध में सीधे भागीदारी अलग-अलग बातें हैं। इसलिए सऊदी अरब के समर्थन को पाकिस्तान द्वारा युद्ध शुरू करने की घोषणा के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
सऊदी सेना की शहबाज शरीफ ने क्यों की तारीफ?
