फरीदाबाद में लिफ्ट की आड़ में दरिंदगी: चलती ईको वैन में युवती से सामूहिक दुष्कर्म
सड़क पर फेंककर फरार हुए आरोपी – दोनों गिरफ्तार
मां से झगड़े के बाद सहेली के घर जा रही थी 28 वर्षीय पीड़िता; दो घंटे तक फरीदाबाद-गुरुग्राम रोड पर घुमाकर की वारदात, पुलिस ने साइबर सेल की मदद से पकड़ा
फरीदाबाद। हरियाणा के फरीदाबाद शहर में एक दिल दहला देने वाली वारदात ने महिला सुरक्षा पर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। कोतवाली थाना क्षेत्र में मां से कहासुनी के बाद घर से निकली एक 28 वर्षीय युवती को लिफ्ट देने के बहाने दो युवकों ने अपनी ईको वैन में बैठाया और चलती गाड़ी में उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। आरोपियों ने पीड़िता को करीब दो घंटे तक फरीदाबाद-गुरुग्राम रोड पर घुमाया और देर रात करीब 3 बजे एसजीएम नगर के मुल्ला होटल के पास चलती वैन से धक्का देकर फरार हो गए।
घर से निकली थी नाराज होकर
पीड़िता फरीदाबाद की ही निवासी है। उसकी बहन की शिकायत के अनुसार, सोमवार रात करीब साढ़े आठ बजे पीड़िता ने फोन करके बताया कि मां से झगड़ा हो गया है और वह अपनी सहेली के घर जा रही है। उसने कहा था कि 2-3 घंटे में लौट आएगी। देर रात करीब 12 बजे जब वह दो नंबर चौक से कल्याणपुरी तीन नंबर चौक जाने के लिए वाहन का इंतजार कर रही थी, तभी एक मारुति ईको वैन रुकी। वैन में सवार दो युवकों ने लिफ्ट का प्रस्ताव रखा। पीड़िता के बैठते ही आरोपी वैन को कल्याणपुरी की बजाय गुरुग्राम रोड की ओर ले गए।
चलती वैन में की जघन्य वारदात
आरोप है कि हनुमान मंदिर से आगे एक आरोपी वैन चलाता रहा, जबकि दूसरे ने पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। दोनों ने बारी-बारी से करीब दो घंटे तक युवती के साथ हैवानियत की। पीड़िता ने विरोध किया, लेकिन आरोपी नहीं माने। आखिरकार देर रात एसजीएम नगर स्थित राजा चौक के पास मुल्ला होटल के निकट चलती वैन से उसे फेंक दिया गया। सड़क पर गिरने से उसके चेहरे और शरीर पर गंभीर चोटें आईं, जिनमें चेहरे पर टांके लगवाने पड़े।
बदहवास हालत में पीड़िता ने अपनी बहन को फोन किया। बहन मौके पर पहुंची और उसे पहले सिविल अस्पताल ले गई, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने दिल्ली रेफर कर दिया। हालांकि परिजनों ने फरीदाबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई: दोनों आरोपी गिरफ्तार
परिजनों की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज किया। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि साइबर सेल और तकनीकी जांच की मदद से दोनों आरोपियों को देर रात हिरासत में लिया गया। पूछताछ के बाद उन्हें औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया है। वारदात में इस्तेमाल ईको वैन भी बरामद कर ली गई है। टीआईपी प्रक्रिया के कारण आरोपियों के नाम और फोटो अभी सार्वजनिक नहीं किए जा सकते। उन्हें जल्द कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस पीड़िता के बयान दर्ज करने की कोशिश कर रही है।
यह घटना महिला सुरक्षा के लिए एक गंभीर चेतावनी है, खासकर रात के समय अजनबियों से लिफ्ट लेने के खतरे को उजागर करती है।
