Budget 2026: बजट से पहले आम आदमी को राहत
खुदरा महंगाई दर 20 महीने के निचले स्तर पर, क्या इनकम टैक्स स्लैब में होगा बड़ा बदलाव?
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी मोदी सरकार 3.0 का तीसरा पूर्ण बजट; 'मिडिल क्लास' की उम्मीदों और '8% GDP ग्रोथ' के लक्ष्य पर टिकी दुनिया की नजर।
नई दिल्ली: केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, भारत की खुदरा महंगाई दर (CPI) जनवरी 2026 में घटकर 3.9% पर आ गई है। यह पिछले 20 महीनों का सबसे निचला स्तर है। खाद्य वस्तुओं, विशेषकर खाद्य तेलों और दालों की कीमतों में स्थिरता ने सरकार और आम जनता दोनों को बड़ी राहत दी है।
बजट 2026: क्या है पिटारे में?
आगामी बजट सत्र को लेकर वित्त मंत्रालय में हलचल तेज है। सूत्रों के मुताबिक, इस बार के बजट में 'विकसित भारत' के विजन को ध्यान में रखते हुए तीन मुख्य क्षेत्रों पर जोर दिया जाएगा:
इनकम टैक्स में छूट: मध्यम वर्ग को बड़ी राहत देते हुए 'Standard Deduction' की सीमा को ₹50,000 से बढ़ाकर ₹1,00,000 किए जाने की संभावना है।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड खर्च: पीएम गति शक्ति योजना के तहत रेलवे और हाईवे के लिए फंड में 15-20% की बढ़ोतरी हो सकती है।
एग्रीकल्चर स्टार्टअप्स: ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए खेती में AI और ड्रोन तकनीक के उपयोग के लिए विशेष पैकेज की घोषणा संभव है।
GDP ग्रोथ: भारत बना 'ग्लोबल ग्रोथ इंजन'
विश्व बैंक और IMF की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, भारत साल 2026 में 8% की GDP विकास दर के साथ दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बना रहेगा। विनिर्माण (Manufacturing) और सेवा क्षेत्र (Services) में आए उछाल ने भारत को '5 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी' के लक्ष्य के और करीब पहुंचा दिया है।
शेयर बाजार में उत्साह
बजट और महंगाई के सकारात्मक आंकड़ों का असर दलाल स्ट्रीट पर भी दिख रहा है। सेंसेक्स (Sensex) ने आज 82,000 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर लिया है, जबकि निफ्टी (Nifty) 25,000 के ऊपर कारोबार कर रहा है। विदेशी निवेशकों (FIIs) का भारतीय बाजार में भरोसा फिर से लौटा है।
