‘हम आपके पीछे चल रहे हैं’… राहुल ने खड़गे से पूछा—‘बहुत पीछे तो नहीं?’ CWC बैठक में गूंजे ठहाके
चुनाव आयोग और SIR पर गंभीर चर्चा के बीच कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में हल्के-फुल्के पल भी देखने को मिले। राहुल गांधी के जवाब पर नेता हंस पड़े, जबकि मल्लिकार्जुन खड़गे ने शशि थरूर से भी मजेदार सवाल पूछ लिया।
CWC बैठक में मल्लिकार्जुन खड़गे ने राहुल गांधी से कहा कि पार्टी उनके पीछे चल रही है। राहुल ने मुस्कुराते हुए पूछा—‘बहुत पीछे तो नहीं?’ इसके बाद खड़गे ने शशि थरूर की पार्टी कार्यक्रमों में मौजूदगी पर भी चुटकी ली।
‘कांग्रेस के बिना मेरी कोई पहचान नहीं’, राहुल गांधी ने नेताओं की तारीफ का श्रेय लेने से किया इनकार; खड़गे ने थरूर से पूछा मजेदार सवाल
कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच मजेदार बातचीत पर नेता हंस पड़े।
प्रत्यक्षदर्शी समाचार | राष्ट्रीय डेस्क | 29 सितंबर 2026
खबर में खास
कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक करीब ढाई घंटे चली
राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच हुई मजेदार बातचीत
राहुल बोले—कांग्रेस के बिना मेरी कोई पहचान नहीं
प्रियंका गांधी ने कहा—कांग्रेस किसी के सहारे नहीं
खड़गे ने शशि थरूर की पार्टी कार्यक्रमों में मौजूदगी पर उठाया सवाल
चुनाव आयोग के खिलाफ आंदोलन तेज करने पर भी हुई चर्चा
चुनाव आयोग और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर हुई कांग्रेस वर्किंग कमेटी की गंभीर बैठक के दौरान कुछ हल्के-फुल्के पल भी देखने को मिले। राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच हुई मजेदार बातचीत के बाद बैठक में मौजूद नेता ठहाके लगाने लगे।
रिपोर्ट के अनुसार, मंगलवार को हुई CWC की बैठक करीब ढाई घंटे तक चली। इसमें चुनाव आयोग के खिलाफ कांग्रेस की आगे की रणनीति, कथित चुनावी गड़बड़ियों और आंदोलन को जमीन तक ले जाने पर चर्चा हुई। इस दौरान कई नेताओं ने राहुल गांधी द्वारा चुनाव आयोग पर पहले से सवाल उठाए जाने की तारीफ की।
खड़गे बोले—हम आपके पीछे चल रहे हैं
बैठक में मौजूद एक नेता के अनुसार, मल्लिकार्जुन खड़गे ने राहुल गांधी का समर्थन करते हुए कहा, “हम आपके पीछे चल रहे हैं।”
खड़गे की बात सुनकर राहुल गांधी मुस्कुराए और मजाकिया अंदाज में पूछ लिया, “बहुत पीछे तो नहीं हैं?” राहुल के इस जवाब पर बैठक में मौजूद नेताओं की हंसी छूट गई।
इसके बाद खड़गे ने अपनी बात बदलते हुए कहा, “हम आपके साथ चल रहे हैं।” इस हल्की बातचीत को राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के बीच राजनीतिक तालमेल की झलक के रूप में देखा जा रहा है।
‘कांग्रेस के बिना मेरी कोई पहचान नहीं’
बैठक में कई नेताओं ने चुनाव आयोग और कथित चुनावी गड़बड़ियों का मुद्दा सबसे पहले मजबूती से उठाने के लिए राहुल गांधी की तारीफ की। जब एक नेता ने इसका श्रेय राहुल को दिया तो उन्होंने इसे व्यक्तिगत उपलब्धि मानने से इनकार कर दिया।
राहुल गांधी ने कहा, “इसका श्रेय कांग्रेस को जाता है। कांग्रेस के बिना मेरी कोई पहचान नहीं है।” उन्होंने पार्टी नेताओं से कांग्रेस पर भरोसा रखने और जिन मुद्दों के लिए पार्टी संघर्ष कर रही है, उन्हें ज्यादा मजबूती से जनता के बीच ले जाने को कहा।
प्रियंका बोलीं—कांग्रेस किसी के सहारे नहीं
CWC की बैठक में इस बात पर भी चर्चा हुई कि चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दे को जमीन पर कैसे ले जाया जाए और इसे जन आंदोलन में कैसे बदला जाए। बैठक में CJP के आंदोलन और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग का भी जिक्र हुआ।
रिपोर्ट के अनुसार, प्रियंका गांधी ने कहा कि कांग्रेस किसी दूसरे संगठन या दल पर निर्भर नहीं है। पार्टी शुरुआत से यह लड़ाई लड़ रही है और जरूरत पड़ने पर इसे अकेले आगे बढ़ाने में भी सक्षम है।
जब एक सदस्य ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त शायद इस्तीफा नहीं देंगे तो प्रियंका गांधी ने सवाल किया कि वह इस्तीफा क्यों नहीं देंगे। उन्होंने आंदोलन जारी रखकर दबाव बनाने की बात कही।
खड़गे ने शशि थरूर से पूछा सवाल
बैठक में हंसी का दूसरा मौका उस समय आया, जब कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने महात्मा गांधी की जयंती पर पार्टी की ओर से कार्यक्रम आयोजित करने का सुझाव दिया। थरूर ने कहा कि कांग्रेस को इस अवसर पर सक्रिय रहना चाहिए, नहीं तो बीजेपी इसका राजनीतिक लाभ उठा सकती है।
इस पर मल्लिकार्जुन खड़गे ने थरूर से पूछा कि अगर पार्टी कार्यक्रम आयोजित करती है तो क्या वह उसमें शामिल होंगे, या फिर केवल X पर दिखाई देंगे और अखबारों में उनके लेख पढ़ने को मिलेंगे।
बैठक में मौजूद नेताओं के अनुसार, खड़गे का सवाल सुनकर कई नेता मुस्कुराने लगे। हालांकि, इस हल्की टिप्पणी के पीछे पार्टी कार्यक्रमों से थरूर की कथित दूरी को लेकर राजनीतिक संदेश भी देखा जा रहा है।
गंभीर रणनीति के बीच सामने आई कांग्रेस की अंदरूनी तस्वीर
CWC बैठक में एक तरफ चुनाव आयोग, SIR और कथित वोट गड़बड़ी के खिलाफ आंदोलन तेज करने की रणनीति बनाई गई, वहीं राहुल गांधी, खड़गे और प्रियंका गांधी के बयानों से कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति की तस्वीर भी सामने आई।
राहुल गांधी ने पार्टी को अपनी पहचान बताया, प्रियंका गांधी ने कांग्रेस की स्वतंत्र राजनीतिक ताकत पर जोर दिया और खड़गे ने हल्के अंदाज में नेताओं को संगठन के कार्यक्रमों में सक्रिय रहने का संदेश दिया।
CWC बैठक की गंभीर राजनीतिक चर्चा के बीच राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे की बातचीत ने माहौल को हल्का कर दिया। लेकिन ‘पीछे’ और ‘साथ’ चलने वाली इस बातचीत में कांग्रेस की नेतृत्व व्यवस्था का बड़ा संदेश भी छिपा दिखाई दिया। वहीं शशि थरूर से खड़गे का सवाल बताता है कि पार्टी अब बड़े बयानों के साथ नेताओं की जमीनी मौजूदगी भी चाहती है।