लंच के बाद राजघाट निकले राहुल-खड़गे, बोले—'देश को हाईजैक करने वालों को सजा मिलेगी'
दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष का प्रदर्शन तीसरे दिन भी जारी रहा। खड़गे के लंच के बाद राहुल गांधी समेत विपक्षी सांसद राजघाट के लिए रवाना हुए।
दिल्ली में चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन जारी है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के लंच के बाद विपक्षी सांसद राजघाट के लिए रवाना हुए। राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी, अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए। वहीं बेंगलुरु में CJP ने भी चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन किया।
राजघाट की ओर बढ़े विपक्षी सांसद, राहुल गांधी ने प्रदर्शन रोकने और देश की संस्थाओं को लेकर उठाए सवाल
दिल्ली में मल्लिकार्जुन खड़गे के लंच के बाद विपक्षी सांसद राजघाट के लिए रवाना हुए।
प्रत्यक्षदर्शी समाचार | राष्ट्रीय डेस्क | 8 अक्टूबर 2026
दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन गुरुवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कनॉट प्लेस में विपक्षी सांसदों के लिए लंच का आयोजन किया। लंच समाप्त होने के बाद सांसद तीन बसों से राजघाट के लिए रवाना हुए। इस दौरान राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि विपक्षी सांसद शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना चाहते हैं, लेकिन उन्हें लगातार रोका जा रहा है।
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि देश की संस्थाओं पर कुछ लोगों का नियंत्रण हो गया है और इसके लिए जिम्मेदार लोगों को जवाब देना पड़ेगा।
खबर में खास
खड़गे के लंच के बाद विपक्षी सांसद तीन बसों से राजघाट के लिए रवाना हुए।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि विपक्ष को शांतिपूर्ण धरना देने से रोका जा रहा है।
राहुल ने मोदी, शाह और ज्ञानेश कुमार पर देश को अपने नियंत्रण में लेने का आरोप लगाया।
विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहा है।
राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को पिछले दिनों विरोध प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था।
बेंगलुरु में CJP के प्रदर्शन में ध्रुव राठी और प्रकाश राज भी शामिल हुए।
खड़गे के लंच के बाद राजघाट रवाना हुए सांसद
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने गुरुवार को दिल्ली के कनॉट प्लेस में विपक्षी गठबंधन INDIA के सांसदों के लिए लंच का आयोजन किया।
लंच कार्यक्रम समाप्त होने के बाद विपक्षी सांसद करीब दोपहर 3:30 बजे तीन बसों में बैठकर राजघाट की ओर रवाना हुए।
विपक्षी नेताओं का कहना है कि वे महात्मा गांधी के स्मारक पर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराना चाहते हैं। प्रदर्शन को देखते हुए राजघाट और आसपास के इलाकों में पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई।
राहुल गांधी ने क्या कहा?
राजघाट मार्च से पहले राहुल गांधी ने पुलिस द्वारा विपक्षी नेताओं को प्रदर्शन से रोकने पर नाराजगी जताई।
राहुल गांधी ने कहा कि विपक्ष शांतिपूर्ण धरना देना चाहता है और बड़ी संख्या में सांसद इसमें शामिल होना चाहते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान उनके साथियों के खिलाफ बल प्रयोग किया गया।
इसके साथ ही राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा।
राहुल ने आरोप लगाया कि देश की संस्थाओं पर कुछ लोगों ने नियंत्रण कर लिया है। उन्होंने कहा कि इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
हालांकि, ये राहुल गांधी के राजनीतिक आरोप हैं। इन्हें किसी जांच या अदालत में साबित तथ्य के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
लगातार तीसरे दिन सड़कों पर विपक्ष
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मंगलवार, 6 अक्टूबर से विपक्षी दल विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
मंगलवार को इंडिया गठबंधन के सांसदों ने संसद भवन से चुनाव आयोग की ओर मार्च करने की कोशिश की थी, लेकिन पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया।
इसके बाद राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत कई नेताओं को हिरासत में लिया गया था।
बुधवार को भी खड़गे के लंच के बाद विपक्षी सांसद जंतर-मंतर की ओर बढ़े थे। इस दौरान पुलिस ने उनका मार्च रोक दिया और कई नेताओं को हिरासत में लिया।
प्रियंका गांधी के सड़क पर बैठकर विरोध करने की तस्वीरें भी सामने आई थीं।
राहुल गांधी ने FIR को बताया था मेडल
पिछले प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई और FIR को लेकर सवाल पूछे जाने पर राहुल गांधी ने कहा था कि उनके खिलाफ दर्ज FIR उनके लिए मेडल की तरह हैं।
राहुल गांधी ने दावा किया था कि उनके खिलाफ पहले से कई FIR दर्ज हैं और वह ऐसी कार्रवाई से डरने वाले नहीं हैं।
उन्होंने कहा था कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष का विरोध जारी रहेगा।
बेंगलुरु में CJP का प्रदर्शन, ध्रुव राठी और प्रकाश राज शामिल
दिल्ली के साथ कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में भी गुरुवार को चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुआ।
बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और विभिन्न संगठनों के प्रदर्शन में यूट्यूबर ध्रुव राठी तथा अभिनेता प्रकाश राज शामिल हुए।
प्रदर्शनकारियों ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सवाल उठाए और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की।
प्रकाश राज ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग सरकार के प्रभाव में काम कर रहा है। वहीं ध्रुव राठी ने आयोग की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल उठाए।
चुनाव आयोग और सरकार इन आरोपों से इनकार करते रहे हैं। उनका कहना है कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण का उद्देश्य गलत, दोहरे और अपात्र नामों की पहचान करना है।
SIR को लेकर क्यों हो रहा विरोध?
विपक्षी दलों का आरोप है कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR की प्रक्रिया में बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं।
विपक्ष का कहना है कि इससे योग्य मतदाता अपने मतदान के अधिकार से वंचित हो सकते हैं।
वहीं चुनाव आयोग का कहना है कि मतदाता सूची को सही और अद्यतन रखने के लिए मृत व्यक्तियों, दूसरी जगह जा चुके लोगों और दोहरे नामों की पहचान करना जरूरी है।
इसी मुद्दे पर विपक्ष मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर सवाल उठा रहा है और उनके इस्तीफे की मांग कर रहा है।
अब राजघाट मार्च पर नजर
खड़गे के लंच के बाद विपक्षी सांसदों के राजघाट रवाना होने से गुरुवार का विरोध प्रदर्शन फिर चर्चा में आ गया है।
राजघाट पर सुरक्षा बढ़ाई गई है। विपक्षी नेताओं ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की बात कही है।
इस बीच कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों ने साफ किया है कि चुनाव आयोग को लेकर उनका विरोध जारी रहेगा।
दिल्ली में तीन दिनों से जारी प्रदर्शन के बीच अब विपक्षी सांसद राजघाट की ओर बढ़ रहे हैं। राहुल गांधी ने पुलिस कार्रवाई और चुनाव आयोग की निष्पक्षता को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। अब अगला महत्वपूर्ण अपडेट यह होगा कि राजघाट पर प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन कोलेकर पुलिस और विपक्षी नेताओं के बीच क्या स्थिति बनती है।