<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/%23lucknow-%23uttarpradesh/tag-42" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Pratyakshdarshi Samachar RSS Feed Generator</generator>
                <title>#lucknow #uttarpradesh - Pratyakshdarshi Samachar</title>
                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/tag/42/rss</link>
                <description>#lucknow #uttarpradesh RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>अखलाक हत्याकांड: कोर्ट ने ठुकराई केस वापसी की अर्जी</title>
                                    <description><![CDATA[ग्रेटर नोएडा: बिसहड़ा का बहुचर्चित अखलाक हत्याकांड ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/draft-add-yoakhlaq-murder-case-court-rejected-the-application-to/article-1710"><img src="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/400/2025-12/athalta-ka-fasal_case.jpg" alt=""></a><br /><p> </p>
<div><strong>ग्रेटर नोएडा</strong>: बिसहड़ा के बहुचर्चित अखलाक हत्याकांड में उत्तर प्रदेश सरकार को अदालत से बड़ा झटका लगा है। सेशन कोर्ट ने राज्य सरकार की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें इस मामले को वापस लेने की अनुमति मांगी गई थी।<br />क्या था सरकार का तर्क?</div>
<div><br />पिछले सप्ताह 18 दिसंबर को फास्ट-ट्रैक कोर्ट (FTC) में इस मामले की सुनवाई हुई थी। सरकार की ओर से अधिवक्ता ने अक्टूबर में केस वापसी की अर्जी दाखिल करते हुए दलील दी थी कि:</div>
<div>• इस मामले को वापस लेने से इलाके में सामाजिक सौहार्द (Social Harmony) बढ़ेगा।<br />• शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए मामले को खत्म करना जरूरी है।</div>
<div><br /><strong>पीड़ित परिवार ने किया कड़ा विरोध</strong><br />अखलाक के परिजनों ने सरकार की इस अर्जी का पुरजोर विरोध किया। उनके द्वारा अदालत में दी गई दलीलों के मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:<br />• यह केवल एक साधारण आपराधिक मामला नहीं है, बल्कि भीड़ द्वारा की गई हत्या (Mob Lynching) का गंभीर मामला है।<br />• ऐसे मामले को वापस लेना समाज, न्याय व्यवस्था और कानून की गरिमा के लिए बड़ा संकट पैदा करेगा।<br />• न्याय के हित में दोषियों को सजा मिलना अनिवार्य है।</div>
<div><br /><strong>अदालत का फैसला: अर्जी 'आधारहीन'</strong><br />दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद सेशन कोर्ट ने सरकार की याचिका पर कड़ा रुख अपनाया:<br />1. अर्जी निरस्त: अदालत ने अभियोजन पक्ष की केस वापसी की मांग को पूरी तरह खारिज कर दिया।<br />2. महत्वहीन करार: कोर्ट ने इस अर्जी को 'महत्वहीन और आधारहीन' मानते हुए स्पष्ट किया कि मामले की सुनवाई जारी रहेगी।</div>
<div><br /><strong>क्या है अखलाक हत्याकांड?</strong><br />यह मामला ग्रेटर नोएडा के जारचा कोतवाली क्षेत्र के बिसहड़ा गांव का है, जहाँ साल 2015 में भीड़ ने अखलाक नामक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। इस घटना ने पूरे देश का ध्यान खींचा था और तब से यह मामला कानूनी प्रक्रिया के अधीन है।</div>
<div> </div>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तरप्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/draft-add-yoakhlaq-murder-case-court-rejected-the-application-to/article-1710</link>
                <guid>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/draft-add-yoakhlaq-murder-case-court-rejected-the-application-to/article-1710</guid>
                <pubDate>Tue, 23 Dec 2025 18:18:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/2025-12/athalta-ka-fasal_case.jpg"                         length="15959"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Pratyakshdarshi Samachar]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>स्वस्थ रहने के लिए संयमित जीवन, नियमित व्यायाम व योग बेहद जरूरी: राज्यपाल आनंदीबेन पटेल</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>लखनऊ-</strong> उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा एवं मार्गदर्शन में शनिवार को राजभवन के गांधी सभागार में राजभवन के अधिकारियों व कार्मिकों के लिए बीएमआई (बॉडी मास इंडेक्स) स्वास्थ्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा संयमित जीवन शैली को बढ़ावा देना था। राज्यपाल ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ रहने के लिए संयमित जीवन नियमित व्यायाम व योग बेहद जरूरी है। उन्होंने सभी को बुरी आदतें छोड़ने, दिनचर्या में अनुशासन लाने तथा शरीर की व्यक्तिगत आवश्यकताओं को समझने की सलाह दी। कहा कि हमें हमारी दिनचर्या</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/regular-exercise-and-yoga-restrained-to-stay-healthy-governor-anandiben/article-1542"><img src="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/400/2025-05/65a1223dae83b8092c4edba0823a793c_863854165.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>लखनऊ-</strong> उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा एवं मार्गदर्शन में शनिवार को राजभवन के गांधी सभागार में राजभवन के अधिकारियों व कार्मिकों के लिए बीएमआई (बॉडी मास इंडेक्स) स्वास्थ्य कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा संयमित जीवन शैली को बढ़ावा देना था। राज्यपाल ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि स्वस्थ रहने के लिए संयमित जीवन नियमित व्यायाम व योग बेहद जरूरी है। उन्होंने सभी को बुरी आदतें छोड़ने, दिनचर्या में अनुशासन लाने तथा शरीर की व्यक्तिगत आवश्यकताओं को समझने की सलाह दी। कहा कि हमें हमारी दिनचर्या के प्रबंधन व योजना बनाये जाने की जरूरत है। प्रत्येक व्यक्ति का शरीर अलग होता है, इसलिए स्वस्थ रहने के उपाय भी व्यक्तिगत होने चाहिए। उन्होंने कहा कि वजन नियंत्रित करने के लिए आत्मनिरीक्षण जरूरी है।</p>
<p>राज्यपाल ने प्रातः 5 बजे उठकर सैर करने, धीरे-धीरे भोजन की मात्रा कम करने, और रोटी के साथ अधिक सब्जी खाने की सलाह दी। उन्होंने रोटी को चबा-चबाकर खाने, कम नमक का उपयोग, दूध पीने व चाय से परहेज की भी सलाह दी। राज्यपाल ने योग और प्राणायाम जैसे अनुलोम-विलोम और कपालभाति को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने पर जोर दिया। साथ ही, उन्होंने मानसिक प्रसन्नता, नियमित टहलने, अच्छी नींद और संतोषप्रद कार्यों को जीवन शैली का भाग बनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने अपने अनुभवों को साझा करते हुए बताया कि उनकी आदतें वर्तमान समय की विकसित नहीं है, बल्कि स्कूली दिनों से ही बनी हुई है।उन्होंने कहा कि व्यक्ति को अपने अंदर की कमियों को सुधारने के हिसाब से कार्य करना चाहिए। </p>
<p>कार्यशाला के अंत में उन्होंने घोषणा की कि अगले तीन महीनों बाद राजभवन के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों का दोबारा बीएमआई परीक्षण किया जाएगा, ताकि सुधार का आकलन किया जा सके। कार्यशाला के दौरान किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज से डॉ. अर्चना गिल्डियाल, डॉ. शालिनी श्रीवास्तव, एवं डॉ. दिलीप वर्मा ने विशेष सत्रों में सहभागिता की।डॉ. अर्चना गिल्डियाल ने लाइफस्टाइल मोडिफिकेशन पर अपने विचार रखते हुए शरीर की फिटनेस बनाए रखने के लिए बॉडी कंपोजिशन, विभिन्न प्रकार के व्यायाम, तथा एक्सरसाइज की तीव्रता आदि विषयों पर विस्तृत जानकारी दी। डॉ. शालिनी श्रीवास्तव ने डाइट कंट्रोल विषय पर प्रस्तुति देते हुए कहा कि हमें प्रकृति द्वारा प्रदत्त भोजन को उसकी मूल अवस्था में स्वीकार करना चाहिए।</p>
<p>उन्होंने सभी आयु वर्गों के लिए संतुलित आहार की महत्ता बताते हुए प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, वसा, पोषक तत्वों एवं पानी के संतुलित सेवन की सलाह दी। पैनल चर्चा के दौरान डॉ. दिलीप वर्मा ने भी अपने विचार साझा किए। तीनों विशेषज्ञों ने मिलकर राजभवन के अधिकारियों व कर्मचारियों की जिज्ञासाओं का उत्तर दिया तथा उन्हें स्वस्थ जीवनशैली के लिए प्रेरित किया। कार्यशाला में अपर मुख्य सचिव राज्यपाल डॉ. सुधीर महादेव बोबडे, विशेष कार्याधिकारी अशोक देसाई, विशेष सचिव प्रकाश गुप्ता, राजभवन के चिकित्सकगण, तथा सभी अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे।</p>
<p>(Edited by :- Nitin Vishwakarma)</p>]]></content:encoded>
                
                

                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/regular-exercise-and-yoga-restrained-to-stay-healthy-governor-anandiben/article-1542</link>
                <guid>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/regular-exercise-and-yoga-restrained-to-stay-healthy-governor-anandiben/article-1542</guid>
                <pubDate>Sat, 03 May 2025 18:27:40 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/2025-05/65a1223dae83b8092c4edba0823a793c_863854165.jpg"                         length="142322"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Nitin Vishwakarma]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अलकनंदा ऐनकलेव, अवध विहार योजना सोसायटी की जनता ने पुनः चुनाव कराने की मांग की</title>
                                    <description><![CDATA[<p><strong>लखनऊ :</strong>  अलकनंदा ऐनकलेव, अवध विहार योजना सोसायटी मे RWA समिति का चुनाव एक वर्श देय होता होता हैI वर्तमान हालात में यह चुनाव मार्च 2024 में होना था जो अभी तक नहीं हो पाया है I श्रीधर यादव (पूर्व अध्यक्ष) के अतिरिक्त सभी पदाधिकारियों द्वारा चुनाव कराने हेतु अपना पद बहुत पहेले त्याग दिया गया है I श्रीधर यादव, जो कि मार्च 2024 से कालातीत हो चुके हैं, द्वारा जबरन अपने पद पर रहकर सोसाइटी पर कब्जा किए हुए है I वह कोई काम भी नहीं कर रहा हैI इस अनधिकृत कब्ज़े के कारण बैंक द्वारा RWA का</p>
<p>सोसाइटी</p>...]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/lucknow/people-of-alaknanda-enclave--avadh-vihar-yojna-society-demanded-for-re-election/article-1444"><img src="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/400/2025-02/whatsapp-image-2025-02-25-at-6.06.04-pm.jpeg" alt=""></a><br /><p><strong>लखनऊ :</strong> अलकनंदा ऐनकलेव, अवध विहार योजना सोसायटी मे RWA समिति का चुनाव एक वर्श देय होता होता हैI वर्तमान हालात में यह चुनाव मार्च 2024 में होना था जो अभी तक नहीं हो पाया है I श्रीधर यादव (पूर्व अध्यक्ष) के अतिरिक्त सभी पदाधिकारियों द्वारा चुनाव कराने हेतु अपना पद बहुत पहेले त्याग दिया गया है I श्रीधर यादव, जो कि मार्च 2024 से कालातीत हो चुके हैं, द्वारा जबरन अपने पद पर रहकर सोसाइटी पर कब्जा किए हुए है I वह कोई काम भी नहीं कर रहा हैI इस अनधिकृत कब्ज़े के कारण बैंक द्वारा RWA का खाता भी निष्क्रिय कर दिया गया है I</p>
<p>सोसाइटी के परिसर वासियों ने रख रखाव, साफ सफाई, कुड़ा उठाने के लिए अपनी तरफ से कार्य को आरंभ कर दिया है परंतु श्रीधर ने बाहर के कुछ गुंडे तत्त्वों के साथ मिलकर सारा काम रुकवा दिया है जिसके कारण परिसर में भय और गंदगी का माहौल उत्पन हो गया हैI आने वाले दिनों में रखरखाव का कार्य हर स्तर पर बाधित होने के कारण हालत के भयावह होने की पूरी आशंका है I इससे बीमारियों के फैलने की पूरी आशंका है I आज भी कालातीत द्वारा अपने पद का त्याग नहीं दिया गया है और वह चुनाव होने में लगातार बाधाएं उत्पन कर रहे हैं I परिसर वासियों की एक एल्डर कमेटी ने अरविंद मेंहदीरता, प्रमोद गुप्ता, नरेंद्र पांडे, सतीश चंद्र पाठक, मंजू सिंह, श्वेता मिश्रा कालातीत को समझाने की कोशिश की परंतु सब बेकार प्रतीत होता है</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तरप्रदेश</category>
                                            <category>लखनऊ</category>
                                    

                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/lucknow/people-of-alaknanda-enclave--avadh-vihar-yojna-society-demanded-for-re-election/article-1444</link>
                <guid>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/uttar-pradesh/lucknow/people-of-alaknanda-enclave--avadh-vihar-yojna-society-demanded-for-re-election/article-1444</guid>
                <pubDate>Tue, 25 Feb 2025 20:18:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/2025-02/whatsapp-image-2025-02-25-at-6.06.04-pm.jpeg"                         length="114762"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Pratyakshdarshi Samachar]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        