<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/drug-smuggling/tag-1738" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Pratyakshdarshi Samachar RSS Feed Generator</generator>
                <title>Drug Smuggling - Pratyakshdarshi Samachar</title>
                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/tag/1738/rss</link>
                <description>Drug Smuggling RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>पंजाब के ड्रग्स पर केजरीवाल का BJP पर बड़ा आरोप- ‘80% नशा अब BJP शासित राज्यों से आ रहा’</title>
                                    <description><![CDATA[AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में ड्रग्स के मुद्दे पर BJP को घेरते हुए दावा किया कि 2022 में राज्य में आने वाले 80% ड्रग्स पाकिस्तान से आते थे, लेकिन अब पाकिस्तान से आने वाली सप्लाई घटकर 20% रह गई है और 80% ड्रग्स BJP शासित राज्यों से आ रहे हैं। पंजाब पुलिस के हालिया आंकड़ों में भी pharmaceutical drugs की interstate smuggling को नई चुनौती बताया गया है, हालांकि पुलिस का 80% अनुमान specifically pharmaceutical drugs से संबंधित है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/punjab/kejriwals-big-allegation-on-bjp-on-drugs-in-punjab/article-2041"><img src="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/400/2026-09/arvind-kejriwal-punjab-drugs-bjp-states-80-percent-2026.jpg.png" alt=""></a><br /><p class="PDq2pG_selectionAnchorContainer"><strong>प्रत्यक्षदर्शी समाचार | चंडीगढ़ | 15 सितंबर 2026</strong></p>
<img src="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/2026-09/arvind-kejriwal-punjab-drugs-bjp-states-80-percent-2026.jpg.png" alt="arvind-kejriwal-punjab-drugs-bjp-states-80-percent-2026.jpg" width="1366" height="768"></img>
पंजाब में नशे के मुद्दे पर अरविंद केजरीवाल ने BJP को घेरते हुए 80 प्रतिशत ड्रग सप्लाई को लेकर बड़ा दावा किया है।

<h1><strong>खबर में खास</strong></h1>
<ul>
<li><strong>केजरीवाल का दावा- 80% ड्रग्स BJP शासित राज्यों से</strong></li>
<li><strong>गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, UP और दिल्ली का लिया नाम</strong></li>
<li><strong>कहा- पाकिस्तान से आने वाली सप्लाई घटी</strong></li>
<li><strong>पंजाब पुलिस ने pharmaceutical drugs को बताया नई चुनौती</strong></li>
</ul>
<h6>पंजाब में नशे का मुद्दा एक बार फिर बड़ी राजनीतिक लड़ाई में बदलता दिखाई दे रहा है।</h6>
<h6>AAP के राष्ट्रीय संयोजक <strong>अरविंद केजरीवाल</strong> ने BJP पर हमला करते हुए दावा किया है कि पंजाब में आने वाले ड्रग्स के स्रोत का पैटर्न बदल गया है।</h6>
<h6>केजरीवाल का कहना है कि पहले पंजाब में बड़ी मात्रा में नशा पाकिस्तान की तरफ से आता था, लेकिन अब इसका बड़ा हिस्सा BJP शासित राज्यों से आ रहा है।</h6>
<h2>‘80% ड्रग्स BJP राज्यों से आ रहे’</h2>
<h6>केजरीवाल ने दावा किया कि जब 2022 में पंजाब में AAP सरकार बनी थी, तब राज्य में आने वाले करीब 80% ड्रग्स पाकिस्तान से आते थे।</h6>
<h6>उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन के जरिए होने वाली तस्करी रोकने के लिए anti-drone व्यवस्था मजबूत की।</h6>
<h6>इसके बाद उन्होंने दावा किया कि अब पाकिस्तान से आने वाले ड्रग्स का हिस्सा करीब 20% रह गया है और बाकी <strong>80% गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली जैसे BJP शासित राज्यों से आ रहे हैं।</strong></h6>
<h6>ये आंकड़े केजरीवाल द्वारा पेश किया गया दावा हैं।</h6>
<h2>BJP से पूछा- रोक नहीं पा रहे या रोकना नहीं चाहते?</h2>
<h6>केजरीवाल ने BJP पर राजनीतिक हमला करते हुए सवाल किया कि क्या BJP अपनी सरकार वाले राज्यों में ड्रग कारोबार रोकने में असफल है या उसे रोकना नहीं चाहती।</h6>
<h6>उन्होंने गुजरात का विशेष रूप से जिक्र किया और वहां लंबे समय से BJP की सरकार होने की बात कही।</h6>
<h6>केजरीवाल ने मुंद्रा पोर्ट का भी जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि वहां से ड्रग्स भारत में प्रवेश करते हैं और ऐसी तस्करी को रोकना केंद्र सरकार की जिम्मेदारी है।</h6>
<h6>यह केजरीवाल का राजनीतिक आरोप है; इसे किसी विशेष वर्तमान खेप या तस्करी नेटवर्क की जांच में स्थापित निष्कर्ष नहीं माना जाना चाहिए।</h6>
<h2>क्या पंजाब पुलिस के आंकड़े भी 80% वाली बात कहते हैं?</h2>
<h6>यहां एक महत्वपूर्ण फर्क समझना जरूरी है।</h6>
<h6>पंजाब पुलिस की हालिया जानकारी के मुताबिक राज्य में <strong>street heroin की उपलब्धता में कमी</strong> आई है, जबकि दूसरे राज्यों से आने वाले <strong>pharmaceutical narcotics</strong> नई चुनौती बनकर उभरे हैं।</h6>
<h6>पुलिस के मुताबिक पंजाब में उपलब्ध pharmaceutical drugs में करीब <strong>80% दूसरे राज्यों से आने का अनुमान</strong> है। इनमें गुजरात, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली के साथ हिमाचल प्रदेश का नाम भी सामने आया है।</h6>
<h6>इसलिए पंजाब पुलिस का “80%” आंकड़ा और केजरीवाल का व्यापक “80% drugs” वाला राजनीतिक दावा बिल्कुल एक ही चीज नहीं हैं।</h6>
<h2>11.54 लाख टैबलेट और कैप्सूल बरामद</h2>
<h6>पंजाब पुलिस के मुताबिक 2025 से अब तक दूसरे राज्यों से जुड़ी खेपों में करीब <strong>11.54 लाख pharmaceutical tablets और capsules</strong> बरामद किए गए हैं।</h6>
<h6>इनका संबंध उत्तर प्रदेश, राजस्थान, गुजरात, हरियाणा, दिल्ली और हिमाचल प्रदेश से आने वाली खेपों से बताया गया है।</h6>
<h6>पुलिस का कहना है कि इस बदलते पैटर्न से निपटने के लिए source और transit states के बीच बेहतर coordination की जरूरत है।</h6>
<h2>पाकिस्तान वाली ड्रग सप्लाई में क्या बदला?</h2>
<h6>पंजाब लंबे समय से पाकिस्तान सीमा से होने वाली नशीले पदार्थों की तस्करी की चुनौती से जूझता रहा है।</h6>
<h6>हाल के वर्षों में ड्रोन के जरिए सीमा पार से नशीले पदार्थ गिराने के मामले भी सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती रहे हैं।</h6>
<h6>पंजाब सरकार और पुलिस का दावा है कि multi-layer anti-drone response के कारण इस route से आने वाली heroin की उपलब्धता में उल्लेखनीय कमी आई है।</h6>
<h6>लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि पाकिस्तान से ड्रग तस्करी पूरी तरह समाप्त हो चुकी है। केंद्र सरकार भी cross-border narcotics trafficking को सुरक्षा चुनौती मानती है।</h6>
<h2>BJP क्यों उठा रही पंजाब में नशे का मुद्दा?</h2>
<h6>यह बयान ऐसे समय आया है जब BJP खुद पंजाब में नशे को बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनाने की तैयारी में है।</h6>
<h6>BJP ने 18 सितंबर से पंजाब में नशे के खिलाफ चार राज्यव्यापी यात्राएं शुरू करने की योजना बनाई है, जिन्हें 30 सितंबर को जालंधर में समाप्त किया जाना है।</h6>
<h6>रिपोर्ट के मुताबिक BJP अगले साल होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले drugs को प्रमुख चुनावी मुद्दा बनाने की तैयारी में है।</h6>
<h6>यानी नशे के मुद्दे पर आने वाले दिनों में <strong>AAP बनाम BJP</strong> की लड़ाई और तेज हो सकती है।</h6>
<h2>पंजाब में चुनाव से पहले ‘नशे’ पर बड़ी लड़ाई?</h2>
<h6>AAP सरकार अपने anti-drug अभियान और पाकिस्तान सीमा से आने वाली सप्लाई पर कार्रवाई को अपनी उपलब्धि के रूप में पेश कर रही है।</h6>
<h6>दूसरी तरफ BJP पंजाब में नशे की मौजूदा स्थिति को लेकर AAP सरकार को घेर रही है।</h6>
<h6>अब केजरीवाल ने इसी हमले को पलटते हुए नशे की नई interstate supply chain के लिए BJP शासित राज्यों पर सवाल उठाए हैं।</h6>
<h6>लेकिन राजनीतिक आरोपों से अलग उपलब्ध पुलिस जानकारी फिलहाल खास तौर पर <strong>pharmaceutical narcotics के बदलते supply pattern</strong> की पुष्टि करती है।</h6>
<h6>इसलिए पंजाब चुनाव से पहले बड़ा सवाल केवल यह नहीं रहेगा कि <strong>“नशा कितना कम हुआ?”</strong>, बल्कि यह भी होगा कि <strong>“नशे की सप्लाई अब कहां से और किस नेटवर्क के जरिए पहुंच रही है?”</strong></h6>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब </category>
                                    

                <link>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/punjab/kejriwals-big-allegation-on-bjp-on-drugs-in-punjab/article-2041</link>
                <guid>https://www.pratyakshdarshisamachar.com/state/punjab/kejriwals-big-allegation-on-bjp-on-drugs-in-punjab/article-2041</guid>
                <pubDate>Tue, 15 Sep 2026 17:02:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.pratyakshdarshisamachar.com/media/2026-09/arvind-kejriwal-punjab-drugs-bjp-states-80-percent-2026.jpg.png"                         length="1921242"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Pratyakshdarshi Samachar]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        